स्मार्ट गर्ल्स, भारतीय जैन संघटना (BJS) की एक कार्यशाला है। इसका उद्देश्य है कि बेटियाँ स्वयं को पहचानें, अपनी बात आत्मविश्वास से कहें, सही निर्णय लें और हर परिस्थिति में सुरक्षित व सजग रहें।

कार्यशाला में बातचीत, खेल, गतिविधियों और छोटे वीडियो के माध्यम से सरल और सहज तरीके से सीखा जाता है। माता-पिता के लिए भी एक अलग सत्र होता है, ताकि घर में बेटियों से खुला और भरोसे का संवाद बन सके। सामग्री हिंदी, मराठी और अंग्रेज़ी में उपलब्ध है।

अब तक Impact

बेटियों तक पहुँचा आत्मविश्वास

  • 46कार्यशालाएँ
  • ~3500युवतियों तक पहुँच
  • 3राज्य — महाराष्ट्र, कर्नाटक, उत्तर प्रदेश
7 मॉड्यूल Workshop Modules

कार्यशाला में क्या सीखते हैं

  1. परिचय और आत्म-जागरूकता

    Intro & Self Awareness

    मैं कौन हूँ, मेरी ताकत और मेरी पहचान — स्वयं को समझने से शुरुआत।

  2. संवाद और संबंध

    Communication & Relationship

    अपनी बात स्पष्ट और सम्मान से कहना, और घर-परिवार व मित्रों से अच्छे संबंध।

  3. मासिक धर्म

    Menstruation

    बढ़ती उम्र में शरीर के बदलावों की सही, सहज और वैज्ञानिक जानकारी।

  4. आत्म-सम्मान और आत्म-रक्षा

    Self Esteem & Self Defense

    स्वयं को स्वीकार करना, आत्मविश्वास, और अपनी सुरक्षा के व्यावहारिक तरीके।

  5. चुनाव और निर्णय

    Choices & Decisions

    जीवन के छोटे-बड़े निर्णय सोच-समझकर लेना और उनकी ज़िम्मेदारी लेना।

  6. मित्रता और प्रलोभन

    Friendship & Temptation

    सच्ची मित्रता पहचानना, और गलत प्रलोभन या दबाव के सामने सजग रहना।

  7. माता-पिता के लिए: पालन-पोषण

    Parenting

    माता-पिता के लिए सत्र — बेटियों से खुला संवाद और भरोसे का रिश्ता।

राष्ट्रीय प्रशिक्षक National Trainer

सौ. भारती चंगेडिया

भारतीजी BJS स्मार्ट गर्ल्स की राष्ट्रीय प्रशिक्षक हैं। उन्होंने महाराष्ट्र, कर्नाटक और उत्तर प्रदेश में 46 कार्यशालाओं के माध्यम से लगभग 3500 युवतियों से संवाद किया है। M.S. (Counselling and Psychotherapy) और वर्षों के सामाजिक कार्य का अनुभव उनकी हर कार्यशाला को अपनापन और गहराई देता है।

भारतीजी के बारे में और जानें
किसके लिए Who It's For

यह कार्यशाला किसके लिए है

  • किशोरियाँ और युवतियाँ

    कक्षा 7वीं (लगभग 12 वर्ष) से लेकर डिग्री और पोस्ट-ग्रेजुएशन कर रही युवतियों तक — बढ़ती उम्र के प्रश्नों, आत्मविश्वास और सुरक्षित निर्णयों के लिए।

  • माता-पिता

    बेटियों को समझने और उनसे खुलकर बात करने के लिए अलग सत्र।

  • स्कूल और कॉलेज

    विद्यार्थिनियों के लिए अपने परिसर में कार्यशाला आयोजित करें।

  • सामाजिक संस्थाएँ

    महिला मंडल, समाज संगठन और सेवा संस्थाएँ भी आयोजन कर सकती हैं।

आमंत्रण Invite Bharatiji for a Workshop

अपने शहर में कार्यशाला आयोजित करें

स्कूल, कॉलेज, समाज संगठन या महिला मंडल — अपनी संस्था का नाम, शहर, संभावित तारीख और लगभग कितनी युवतियाँ भाग लेंगी, यह जानकारी WhatsApp या ईमेल से भेजें। हम आपसे संपर्क करेंगे।

पंजीकृत आयोजकों के लिए हैंडबुक, वर्कशीट और फ़ीडबैक फ़ॉर्म जैसी सामग्री एक सुरक्षित आयोजक पोर्टल पर मिलेगी — जल्द आ रहा है।

अपने मन की बात कहने का पहला कदम उठाइए

आप अकेले नहीं हैं। कोई जल्दबाज़ी नहीं, कोई आलोचना नहीं।
हम ध्यान से सुनने और समझने के लिए यहाँ हैं।

सोमवार – शुक्रवार, सुबह 10 से शाम 7 बजे तक